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एक कश्ती में सवार कोलकाता-बेंगलुरु के बीच होगी दिलचस्प जंग
डरबन, 28 अप्रैल
कोलकाता नाइट राइडर्स के मालिक शाहरुख खान का कहना है कि अब उन्हें टीम की हार की आदत पड़ गई है। निराशा में कहा गया ये बयान सिर्फ बयान नहीं है,ये उम्मीदों के धराशायी होने का नमूना है। आईपीएल के दूसरे सीजन के शुरु होने से पहले कागजों पर सबसे मजबूत माने जाने वाली कोलकाता नाइट राइडर्स फिलहाल चारों खाने चित पड़ी हुई है। हालांकि,कभी खिलाड़ियों के खराब प्रदर्शन तो कभी थोड़ी किस्मत की मार उन्हें हार की कगार तक पहुंचाती रही है। लेकिन,बुधवार को उन्हें जिस टीम से भिड़ना है, वो भी टूर्नामेंट में नाइट राइडर्स सरीखी किस्मत लेकर पहुंची है-बेंगलुरु रॉयल चैलेंजर्स।
नाइट राइडर्स और बेंगलुरु रॉयल चैलेंजर्स दोनों टीमों में एक समानता है। टूर्नामेंट के दूसरे चरण में दोनों टीमों ने अपने पूर्व कप्तानों को हटा दिया और कप्तानी विदेशी क्रिकेटरों को सौंप दी। लेकिन न तो ब्रैंडन मैक्कुलम और न ही केविन पीटरसन अपनी टीमों के लिए चमत्कारी प्रदर्शन दिखा सके। कोलकाता नाइट राइडर्स और रॉयल चैलेंजर्स ने पाँच-पाँच मुकाबलों में अभी तक सिर्फ एक-एक जीत ही दर्ज की है।
पीटरसन की अगुवाई वाली बेंगलुरु पिछले साल नीचे से दूसरे स्थान पर रही थी और जिस तरह से उसके खिलाड़ी प्रदर्शन कर रहे हैं उसे देखते हुए लगता है कि वह इस बार भी निचले स्थान पर ही कायम रहेगी।
बेंगलुरु की टीम में राहुल द्रविड़ को छोड़कर किसी बल्लेबाज का बल्ला अभी तक नहीं चला है। कप्तान पीटरसन फॉर्म में नहीं आ पाए हैं। और अब राहुल द्रविड़ के वापस भारत लौटने के बाद टीम और कमजोर हो गई है।
जेसी राइडर और हरफनमौला जाक कैलिस के खराब फॉर्म ने टीम की चिंता और बढा दी है। कुल मिलाकर दोनों टीमों के बल्लेबाजों ने निराश किया है। अनिल कुंबले को छोड़कर चैलेंजर्स के गेंदबाजों ने भी निराश किया है। प्रवीण कुमार और पंकजसिंह शुरुआती सफलता दिलाने में नाकाम रहे।
दूसरी ओर नाइट राइडर्स के कप्तान ब्रैंडन मैकुलम अभी तक बुरी तरह फ्लॉप साबित हुए हैं। सिवाय क्रिस गेल और सौरव गांगुली के कोई बल्लेबाज प्रदर्शन नहीं कर पाया है। फिर, आकाश चोपड़ा और संजय बांगर जैसे खराब प्रदर्शन करने वाले बल्लेबाजों को टूर्नामेंट के बीच में वापस भेजने का फैसला कई खिलाड़ियों को रास नहीं आया।
कुल मिलाकर बुधवार को दोनों टीमों के लिए टूर्नामेंट में सेमीफाइनल तक पहुंचने के ख्वाब का आखिरी सूत्र इस मुकाबले से निकलना है। ऐसे में,दोनों टीमें अपना पूरा जोर लगाएंगी। देखना है कि पलड़ा किस ओर झुकता है।